वंचित, आदिवासी और शोषित लोग खुद को मुझमें देख सकते हैं- द्रौपदी मुर्मू

द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि जब उन्हें एनडीए और सहयोगी दलों ने राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया तो वह समझ गईं कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी सोच है, जो रेगिस्तान और वन भूमि से महिलाओं को मुख्यधारा में लाना चाहते हैं.

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राष्ट्रपति पद के लिए एनडीए की उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को कहा कि यह सभी आदिवासी लोगों के लिए सम्मान की बात है कि आजादी के बाद पहली बार समुदाय की एक बेटी को राष्ट्रपति चुनाव में उतारा गया है. उन्होंने कहा कि वंचित, आदिवासी और शोषित उनमें खुद को देख सकते हैं.

मुर्मू जयपुर में राष्ट्रपति चुनाव के लिए अपने प्रचार अभियान के तहत आई थीं. बीजेपी ने उनके सम्मान में अभिनंदन कार्यक्रम का आयोजन किया.

राजस्थान के बीजेपी सांसदों और विधायकों को संबोधित करते हुए मुर्मू ने कहा, “मैंने कभी राष्ट्रपति बनने के बारे में नहीं सोचा था लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राजग ने अंतिम छोरों पर बसे गाँवों के लोगों को मुख्यधारा में जोड़ने के लिए मुझे माध्यम बनाया है.”

उन्होंने कहा, “वंचित, आदिवासी और शोषित खुद को मुझमें देख सकते हैं. हमारे बीच कोई अंतर नहीं है. कोई असमानता नहीं है. हम एक नए भारत के निर्माण के लिए आशान्वित, प्रगतिशील और आश्वस्त हैं.”

मुर्मू ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार आदिवासी समाज की बेटी को राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाना देश के सभी आदिवासी भाइयों और बहनों के सम्मान का जीता जागता उदाहरण है.

उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति पद तक पहुंचना उनकी निजी उपलब्धि नहीं होगी. उन्होंने कहा, “यह किसी एक स्थान, समुदाय या समाज के लिए गर्व की बात नहीं होगी. यह भारतीय समाज में समावेशी एकता का उदाहरण साबित होगा.”

मुर्मू ने कहा कि जब उन्हें एनडीए और सहयोगी दलों ने राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया तो वह समझ गईं कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी सोच है, जो रेगिस्तान और वन भूमि से महिलाओं को मुख्यधारा में लाना चाहते हैं.

उन्होंने कहा, ‘‘ओडिशा में छोटे-छोटे सपनों के साथ पली-बढ़ी जनजाति समाज की एक बेटी को राष्ट्रपति भवन तक जाने का रास्ता दिया गया, यह लोकतांत्रिक सपना है, यही अन्त्योदय है, यह गाँव, गरीब और जंगल की बेटी पर विश्वास जताना है.”

उन्होंने कहा कि वह कार्यक्रम में मौजूद सांसदों और विधायकों के माध्यम से राजस्थान की जनता का समर्थन मांग रही हैं.

इससे पहले विशेष विमान से यहां पहुंचने पर, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनियां, नेता प्रतिपक्ष गुलाबचन्द कटारिया, प्रदेश संगठन महामंत्री चन्द्रशेखर, उपनेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़, केन्द्रीय मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत, अर्जुनराम मेघवाल, पूर्व मुख्यमंत्री वसुन्धरा राजे ने उनका स्वागत किया.

कार्यक्रम स्थल पर द्रौपदी मुर्मू का प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के आदिवासी लोगों, विधायक, सांसदों ने पारंपरिक तरीके से मुर्मू का स्वागत किया. मुर्मू के स्वागत के लिए आदिवासी लोगों के विभिन्न समूहों ने भी कार्यक्रम स्थल के पास लोक प्रस्तुतियां दीं.

उनके स्वागत के लिए बड़ी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ता एयरपोर्ट पर जमा हुए. 200 सदस्यीय राजस्थान विधानसभा में बीजेपी के 71 विधायक हैं. पार्टी के पास राज्य से 24 लोकसभा और चार राज्यसभा सदस्य हैं.

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