HomeAdivasi Dailyवायनाड में हैजा से महिला की मौत, 3 आदिवासी बस्तियों को कंटेनमेंट...

वायनाड में हैजा से महिला की मौत, 3 आदिवासी बस्तियों को कंटेनमेंट ज़ोन घोषित किया गया

जिला प्रशासन की ओर से जारी विज्ञप्ति के मुताबिक, आठ लोगों के टेस्ट के रिजल्ट आना बाकी हैं. टेस्ट के रिजल्ट आने तक बिजिला के अंतिम संस्कार में शामिल हुए 71 लोगों को ऑब्जरवेशन में रखा गया है.

केरल के वायनाड ज़िले के नूलपुझा पंचायत में कुंदनमकुन्नू आदिवासी बस्ती में हैजा से एक महिला की मौत के बाद जिला कलेक्टर मेघश्री डीआर ने गुरुवार से क्षेत्र में विभिन्न आदिवासी बस्तियों के आसपास 500 मीटर के दायरे में कंटेनमेंट ज़ोन घोषित कर दिया है.

कंटेनमेंट ज़ोन में कुंदनमकुन्नू, तिरुवन्नूर और नालू सेंट आदिवासी बस्तियां शामिल हैं, जहां बीमारी फैलने का संदेह है.

पुलिस ने बैरिकेड्स लगाकर प्रवेश को अवरुद्ध करते हुए इन क्षेत्रों को अपने नियंत्रण में ले लिया है. वहीं आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 34(एम) के तहत लगाए गए प्रतिबंध अगले नोटिस तक प्रभावी रहेंगे.

हैजा के लक्षणों के चलते अस्पताल में भर्ती 34 वर्षीय बिजिला की बुधवार को मौत हो गई. इसी तरह के लक्षणों के चलते बस्ती के नौ अन्य लोगों में से एक व्यक्ति की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है.

बिजिला को 18 अगस्त को सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया था और उसी दिन उसकी मौत हो गई.

स्वास्थ्य विभाग ने बिजिला और उसके नौ अन्य रिश्तेदारों के शरीर के तरल पदार्थ के सैंपल इकट्ठे किए.

जिला प्रशासन की ओर से जारी विज्ञप्ति के मुताबिक, आठ लोगों के टेस्ट के रिजल्ट आना बाकी हैं. टेस्ट के रिजल्ट आने तक बिजिला के अंतिम संस्कार में शामिल हुए 71 लोगों को ऑब्जरवेशन में रखा गया है.

विज्ञप्ति में कहा गया है कि जिला कलेक्टर ने स्थानीय प्रशासनिक निकायों को जिला चिकित्सा अधिकारी के निर्देश के मुताबिक उचित उपचारात्मक कदम उठाने के निर्देश भी दिए हैं.

हैजा एक तेज़ी से फैलने वाला संक्रमण है जो विब्रियो कॉलेरी जीवाणु से दूषित भोजन या पानी के इस्तेमाल से होता है. सही इलाज न मिलने पर यह घातक साबित हो सकता है.

हैजा के लक्षण

हैजा के जीवाणु (विब्रियो कोलेरा) के संपर्क में आने वाले ज़्यादातर लोग बीमार नहीं पड़ते और उन्हें पता भी नहीं चलता कि वे संक्रमित हो गए हैं. लेकिन क्योंकि वे सात से 14 दिनों तक अपने मल में हैजा के जीवाणु छोड़ते हैं इसलिए वे दूषित पानी के ज़रिए दूसरों को संक्रमित कर सकते हैं.

हैजा के ज़्यादातर मामलों में थोड़ा-बहुत दस्त होते हैं जिन्हें अक्सर अन्य समस्याओं के कारण होने वाले दस्त से अलग करना मुश्किल होता है. दूसरों में हैजा के ज़्यादा गंभीर लक्षण और संकेत विकसित होते हैं, आमतौर पर संक्रमण के कुछ दिनों के भीतर.

इसके अलावा उल्टी हैजा के शुरुआती चरणों में होती है और घंटों तक रह सकती है. वहीं हैजा के लक्षण शुरू होने के कुछ घंटों के भीतर डिहाइड्रेशन हो सकता है और हल्के से लेकर गंभीर तक हो सकता है. शरीर के वजन का 10 फीसदी या उससे अधिक का नुकसान गंभीर डिहाइड्रेशन का संकेत देता है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments